शनिवार, 28 मई 2016

अल्लाह ईश्वर नहीं मक्का का देवता है



कुछ   दिन  पहले एक  मुस्लिम  पाठक   ने  मुझ  से कहा  था  कि आप   लोग  तो   कई   देवताओं   की  पूजा   करते हो   ,  जिनका  जन्म भी  होता  है  और  बच्चे  भी  होते हैं   , लेकिन   हम  मुस्लिम  केवल  एक  ही  अल्लाह  की  इबादत   करते  हैं   , जो हमेशा  से मौजूद  है  , न  उसका जन्म  है  और  न  उसने किसी   को   जन्म  दिया   है   ,


लेकिन  उन  पाठक  महोदय   का  कथन  तथ्यों  और  प्रमाणों  के विपरीत   है , क्योंक   वास्तव  में  अल्लाह  मुहम्मद  के  कबीले   का देवता   ही  है   , इसके  सबूत  इस  प्रकार   हैं  

1 -तौरेत  में  अल्लाह  शब्द नहीं  है 
मुसलमानों   की  मान्यता  है  कि  मुहम्मद  अल्लाह  के अंतिम  रसूल और कुरान  अल्लाह  की  अंतिम  किताब   है   ,  इस से पहले अल्लाह  ने  कई  रसूल  भेजे  थे  और  कई  किताबें   नाजिल  की  थीं   ,  उनमे  पहली  किताब   तौरेत     है  ,  जिसे    बाइबिल   का  पुराना  नियम  (Old Testament) कहा  जाता   है   ,  जो  कुरान  से  करीब    तीन  हजार  साल  पहले  का  है  , और यदि   तौरेत    और   कुरान  का  अल्लाह  एक  ही  है  तो तौरेत  में अल्लाह  शब्द  क्यों  नहीं मिलता ?  और   जहां    6  जगह  अल्लाह  शब्द   मिलता   है  ,  उनका  अर्थ    ईश्वर  ( God)    नहीं   है     , जैसे  ,

1.Judges 17:2-"अलाह - אָלָה " अभिशाप  ( Curse 

 2. Hosea 10:4 --"अलाह - אָלָה " झूठा   (false )

3.1 Kings 8:31 

4.2 Chronicles 6:22 

इसी  तरह  तौरेत में  जहाँ  भी अल्लाह या उसी   जैसा  शब्द आया  है  ,वह ईश्वर के लिए नहीं  बल्कि  बुरे अर्थों को प्रकट करने वाला  है  ,

2-तौरेत  में  ईश्वर का असली   नाम 
विश्व   में  जितने  ही  धर्म   है  ,  सभी धर्मों  के लोग  अपनी अपनी  भाषा में ईश्वर को  पुकारते हैं  , लेकिन   तौरेत  एकमात्र ऐसा  ग्रन्थ   है   ,जिसमे ईश्वर   ने अपने  ही  मुंह  से अपना  असली  नाम बता  दिया  है  ,  जिसे अधिकांश  ईसाई और यहूदी  भी  नहीं  जानते  ,
बाइबिल  के अनुसार  जब  मूसा  ने ईश्वर  से उसका नाम  पूछा  तो   '

ईश्वर ने  मूसा से कहा  " मैं  जो  हूँ   सो हूँ "  निर्गमन 3:14 


, אֶהְיֶה אֲשֶׁר אֶהְיֶה

हिब्रू  में  - अहीह  ऐशेर अहीह
यही   बात उपनिषद  में  दी  गयी  है
'सो  अहस्मि "

3-अरब में बहुदेववाद 

मुहम्मद  साहब   की  जवानी  तक   अरब  के लोग  कई  देवताओं   की  पूजा करते   थे  ,  हर  जाती  का अपना अपना देवता   था  ,  हरेक कौम अपने देवता को बड़ा  बताता   था  ,  उस समय  मक्का में  कुछ   यहूदी  और  इसे  भी  थे  ,  अरब के  लोग अक्सर  इनसे  लड़ते रहते थे  , और  जब   मुहमद ने  खुद को  अल्लाह  का  रसूल घोषित  कर  दिया  तो  पूरे अरब  पर राज  करने के लिए  पहले तो वही  नीति  अपनाई  जो आज  के मुस्लिम  अपनाते हैं  , वह  कपट   निति  है

4-मुहम्मदी  सेकुलरिज्म 

जिस  तरह  आज  के मुस्लमान  दिखावे के लिए  सभी  धर्मों  की  समानता  की   बातें करते हैं   , और दिलों में दूसरे  धर्म के प्रति  नफरत  रखते   वाही   काम  मुहम्मद  ने  किया   था ,अरबी  में  देवता  (god) के लिए " इलाह -  إله    " शब्द है  ,कुरान  में " इलाह -   إله  " शब्द     269   बार     आया   है  , और  हर जगह   इसका  अर्थ   " देवता  -god "       ही   है ,मुहम्मद ने  पहले  तो मक्का   के मूर्ति पूजकों  से  कहा


"قَالُوا نَعْبُدُ إِلَـٰهَكَ وَإِلَـٰهَ آبَائِكَ  "2:133

कालू  नअबुदू इलाहक  व् इलाह आबाअक


"कह  दो कि  हम तुम्हारे  देवता  और अपने  बाप  दादाओं  के देवता  की पूजा  करते  हैं  "सूरा  - बकरा  2:133 

  फिर  मक्का  के  यहूदी  , ईसाइयों   से  कहा .

" कह दो हम ईमान  लाये  उस  चीज  पर जो  हम  पर उतारी  गयी  ,और  जो तुम  पर  भी  उतारी  गयी   और  हमारा  इलाह  ( देवता  ) और   तुम्हारा इलाह ( देवता ) एक  ही  है  ,और   हम  उसी  के आज्ञाकारी  हैं "

وَقُولُوا آمَنَّا بِالَّذِي أُنْزِلَ إِلَيْنَا وَأُنْزِلَ إِلَيْكُمْ وَإِلَٰهُنَا وَإِلَٰهُكُمْ وَاحِدٌ وَنَحْنُ لَهُ مُسْلِمُونَ

सूरा  अनकबूत 29:46 

नोट -इस  आयत   में  अरबी में कहा  है" इलाहुना  व् इलाहुक़ुम   वाहिद -  وَإِلَٰهُنَا وَإِلَٰهُكُمْ وَاحِدٌ    " अर्थात  मेरा देवता और तुम्हारा  देवता  एक   हैं  (.my  god andyour  god is one  )

मुहम्मद   ने ऐसी सेकुलर बातें  लोगों  को  अपने  जाल   में  फ़साने  के  लिए कही थी   ,  लेकिन जब लोग  मुहम्मद के  खतरनाक इरादे भांप   गए  तो अपने अपने   धर्म  पर और  मजबूती   से डट   गए ,

5-मुहम्मद  का  जिहादी स्वरूप 

इस  से  रुष्ट  होकर  मुहम्मद  ने  अपना  जिहादी  रूप  प्रकट कर  दिया  और  लोगों से  कहा

  "न  सूर्य  को  सिजदा  करो   और  न चन्द्रमा  को  , सिर्फ  अल्लाह  को  सिजदा  करो "सूरा  हा  मीम सजदा 41:37

Do not bow down (prostrate) to the sun nor to the moon, but only bow down (prostrate) to "Allah"Noble Quran 41:37]


इसके  बाद   से  मुहम्मद  और उनके  जिहादी  साथी  लोगों  को जबरन  मुसलमान बनाने   लगे  ,  और जो  भी व्यक्ति उनके  चंगुल  में   फस जाता   था  उस  से यह  कलमा  जरूर  पढ़वा लेते  थे ,और  यह  काम आज  भी  जारी  है

6-कलमा  का  सही  अर्थ 

कलमा  इस्लामी  आतंकवादियों  का मूल  मन्त्र और आदर्श  वाक्य   है  ,   जो   आई  एस  आई एस  के  काले झंडे  पर  लिखा  है   ,  कलमा  दो  वाक्यों  से मिल  कर  बनाया  गया  है   ,

" ला इलाह  इल्लल्लाह - मुहम्मदर्रसूलुल्लाह "
धूर्त   मुल्ले  इसका  अर्थ  करते हैं " अल्लाह  के सिवा  कोई  उपास्य   नहीं  है    और  मुहम्मद  अल्लाह  के  रसूल   है  

कलमा  के प्रथम   भाग   का  सही  अर्थ  ,  इसमें  अरबी  के कुल पांच   शब्द  हैं   . ला = नहीं  , इलाह = देवता ,  इल्ला = सिवाय  , अल्लाह = अल्लाह
अर्थात - अल्लाह  के अलावा  कोई  देवता  नहीं है   ,  इसका  तात्पर्य  है  की   सिर्फ  अल्लाह  ही  देवता  है  ,  या  इसे  इस  प्रकार  भी कह  सकते  हैं  क़ि  दवताओं  में  सिर्फ  अल्लाह  ही   देवता  है   ,   बाकी  देवता  बेकार  हैं    ,  कलमा  से यह कहीं  सिद्ध  नहीं  होता  कि  अल्लाह ईश्वर  है   ,
अल्लाह  पहले  तो  अरब  लुटेरों  का  देवता  बना  रहा , और  अब  जिहादी  आतंकियों का  देवता  बन  गया है  ,  इस  कल्पित  चरित्र   की  रचना मुहम्मद  ने  की  थी   ,  इस   कल्पित  चरित्र  के  कारन रोज़  हजारों  असली  निर्दोष  लोग  मारे   जा  रहे   हैं   ,
इस  से   सिद्ध   होता  है  की मुहम्मद  ने  अपने कबीले  के  देवता " इलाह " नाम  में  अल  जोड़  कर  बड़ी  मक्कारी  से अल्लाह   नामके कल्पित ईश्वर लोगों   को  डराया   और जबरन   मुस्लमान  बनाया  ,  अगर मुहम्मद का  अल्लाह सचमुच  में सबका  ईश्वर  ( God )  होता   , तो   कुरान  में लिखा   होता  
"अल्लाहुना   व् अल्लाहुकुम वाहिद    " हमारा  ईश्वर  और  तुम्हारा  ईश्वर   एक  ही  है  ( my God and your God is one ) 


वास्तव   में अल्लाह   जैसी  कोई शक्ति या  वास्तु   नहीं   है   और  न  कभी  थी  

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14 टिप्‍पणियां:

  1. Hakhikhat khud ko manva leti hai maani nahi jati.
    Aur jaati hi hai jo jati nahin jati.
    Iski lekhak ki jati aisi halkat nillat thu jati hai
    Ke sala jati nahi jati.
    Isko jhoot bolne ko sharm nahi aati .
    Khair is kutte ne peshab to kiya hai . Is ka kiya us malik ne record karliya .
    Yaad rahe wahaan der hai andher nahi .
    Aatagfirul Allah

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  2. Tu Jo bhi hai, harami hai.
    Tune kuch Jane bager Nabi Muhammad k barey m itna jhut likha.
    Agar tu apne baap ki aulad h or tera khuda ya Ishwar par vishwas hai to lokmat, times of India jaise news papers mei lekh de k tu sabke same ye proof karega or news TV jaise ajtak pe akar khulasa kar or proof kar. Warna tu haram ki aulad.
    Apne bap ki aulad h to proof kar.

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  3. Excellent analysis. Loved it. Thanks for sharing Bhaandafodu.

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  4. Jo naraz how gaali de rahein hai, please do yoga, quit meat and islam. Maine Aur merė paribar ne ghar wapasi kar apni arabi, mongol, kabile walon ki ghulami mujahir badnami chhod di. So peaceful, free and truly happy now. Ki kochhe - roshogulla anyone?:))

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  5. Dekho beta tumhe sachaai sehan nhi hoti h
    Tere baap dada bhi hindu the ye baat tu jaan le

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  6. हर धर्म की किताब मे लिखा हुआ है झूठ बोलना पाप है फिर भी तुम हिन्दु अपनी तरफ से हदीसे कुरआन की आयते सब झूठ क्यो लिखते है। आयत नम्बर हदीस नम्बर सब अपनी तरफ से झूठ लिख देते हो। शर्म नही आती तुम्हे। कयामत के दिन जब इंसाफ होगा तब तुम्हे झूठा इल्जाम लगाने का पता चल जायेगा । हद होती है हर चीज की। आपने काबे पर भी इल्जाम लगा दिया। वो अल्लाह का घर है। वहा पर नमाज पडी जाती है लिंग की पूजा नही होती। और क्या कहते हो तुम हमे काबे की सच्चाई सामने क्यो नही लाते हो। यूटयूब पर हजारो विडियो पडी हुयी है देख लो कोई लिंग विंग नही है वहा। बस जन्नत का एक गोल पत्थर है और हर पत्थर का मतलब लिंग नही होता। बाईचान्स मान लो वहा शिव लिंग है।तो क्या आपके शिव लिंग मे इतनी भी ताकत नही है जो वहा से आजाद हो सके। तुम्हारी गंदी नजरो मे सभी मुस्लिम अच्छे नही है इसलिए सारे मुस्लिमो को शिव मार सके। आप तो कहते हो शिव ने पूरी दुनिया बनाई तो क्या एक छोटा सा काम नही कर सकते।
    इसलिए तो इन लिंग विंग पत्थरो के बूतो मे कोई ताकत नही होती। बकवास है हिन्दु धर्म।

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  7. हिन्दु गर्व के साथ कहते है कि हमारी गीता मे लिखा है कि ईश्वर हर चीज मे मौजूद है ।सब चीजे मे है इसलिए हम पत्थरो को पूजते है और भी बहुत सारी चीजो को पूजते है etc. लेकिन मै कहूगा इनकी ये सोच बिल्कुल गलत है क्योकि अगर हर चीज मे भगवान है तो क्या गू गोबर मे भी है आपका भगवान। जबकि भगवान या खुदा तो पाक साफ है तो दुनिया की हर चीज मे कहा से हुआ भगवान। इसलिए मै आपसे कहना चाहता हू भगवान हर चीज मै नही है बल्कि हर चीज उसकी है और वो एक है इसलिए पूजा पाठ मूर्ति चित्र सब गलत है।कुरान अल्लाह की किताब है इसके बताये गये रास्ते पर चलो। सबूत भी है क्योकि कुरान की आयते पढकर हम भूत प्रेत बुरी आत्माओ राक्षसो से छुटकारा पाते है।हमारी मस्जिद मे बहुत हिन्दु आते है ईलाज करवाने के लिए । और मौलवी कुरान की आयते पढकर ही सभी को ठीक करते है । इसलिए कुरान अल्लाह की किताब है । जबकि आप वेदो मंत्रो से दसरो को नुकसान पहुचा सकते है अच्छाई नही कर सकते किसी की और सभी भगत पंडित जादू टोना टोटके के अलावा करते ही क्या है। जबकि कुरान से अच्छाई के अलावा आप किसी के साथ बुरा कर ही नही सकते। इसलिए गैर मुस्लिमो कुरान पर ईमान लाओ।

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    1. Nafees ji thoda apna gayan badhiya abhi kam hai sahi maino may aap ko illaz ke jarurat hai may nay aap kay saray comment padha itna to mallom hum ko chal gaya ke jo hum logo ke islam par soch hai wo galat nahi hai ek dum sahi soch raha hoo pahalay lagata tha ke shyad galat hoo ab aaysa 100% lagnay laga ke islam he galat hai...isko aap nay proof kar diya iskay liya thx bro.

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    2. Galat to mene hinduo ko sabit kiya

      Apne islam soch liya. Ho ske to aap apna ilaj jrur kraye

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  8. इस्लाम को आंतकवादी बोलते हो। जापान मे तो अमेरिका ने परमाणु बम गिराया लाखो बेगुनाह मारे गये तो क्या अमेरिका आंतकवादी नही है। प्रथम विश्व युध्द मे करोडो लोग मारे गये इनको मारने मे भी कोई मुस्लिम नही था। तो क्या अब भी मुस्लिम आंतकवादी है। दूसरे विश्व युध्द मे भी लाखो करोडो निर्दोषो की जान गयी इनको मारने मे भी कोई मुस्लिम नही था। तो क्या मुस्लिम अब भी आंतकवादी हुए अगर नही तो फिर तुम इस्लाम को आंतकवादी बोलते कैसे हो। बेशक इस्लाम शान्ति का मज़हब है।और हाॅ कुछ हदीस ज़ईफ होती है।ज़ईफ हदीस उनको कहते है जो ईसाइ और यहूदियो ने गढी है। जैसे मुहम्मद साहब ने 9 साल की लडकी से निकाह किया ये ज़ईफ हदीस है। आयशा की उम्र 19 साल थी। ये उलमाओ ने साबित कर दिया है। क्योकि आयशा की बडी बहन आसमा आयशा से 10 साल बडी थी और आसमा का इंतकाल 100 वर्ष की आयु मे 73 हिज़री को हुआ। 100 मे से 73 घटाओ तो 27 साल हुए।आसमा से आयशा 10 साल छोटी थी तो 27-10=17 साल की हुई आयशा और आप सल्ललाहु अलैही वसल्लम ने आयशा से 2 हिज़री को निकाह किया।अब 17+2=19 साल हुए। इस तरह शादी के वक्त आयशा की उम्र 19 आप सल्ललाहु अलैही वसल्लम की 40 साल थी।हिन्दुओ का इतिहास द्रोपती ने 5 पांडवो से शादी की तो क्या ये गलत नही है हम मुसलमान तो 4 औरते से शादी कर सकते है ऐसी औरते जो विधवा हो बेसहारा हो। लेकिन क्या द्रोपती सेक्स की भूखी थी। और शिव की पत्नी पार्वती ने गणेश को जन्म दिया शिव की पीछे। पार्वती ने फिर किस के साथ सेक्स किया ।इसलिए शिव ने उस लडके की गर्दन काट दी क्या भगवान हत्या करता है ।श्री कृष्ण गोपियो को नहाते हुए क्यो देखता था और उनके कपडे चुराता था जबकि कृष्ण तो भगवान था क्या भगवान ऐसा गंदा काम कर सकता है । महाभारत मे लिखा है कृष्ण की 16108 बीविया थी तो फिर हम मुस्लिमो को एक से अधिक शादी करने पर बुरा कहा जाता । महाभारत युध्द मे जब अर्जुन हथियार डाल देता तो क्यो कृष्ण ये कहते है ऐ अर्जुन क्या तुम नपुंसक हो गये हो लडो अगर तुम लडते लडते मरे तो स्वर्ग को जाओगे और अगर जीत गये तो दुनिया का सुख मिलेगा। तो फिर हम मुस्लिमो को क्यो बुरा कहा जाता है हम जिहाद बुराई के खिलाफ लडते है अत्यचारियो और आक्रमणकारियो के विरूध वो अलग बात है कुछ लोग जिहाद के नाम पर बेगुनाहो को मारते है और जो ऐसा करते है वे ना मुस्लिम है और ना ही इन्सान जानवर है। राम और कृष्ण के तो मा बाप थे क्या कोई इन्सान भगवान को जन्म दे सकता है। वेद मे तो लिखा है ईश्वर अजन्मा है और सीता की बात करू तो राम तो भगवान थे क्या उनमे इतनी भी शक्ति नही थी कि वे सीता के अपहरण को रोक सके। राम जब भगवान थे तो रावण की नाभि मे अमृत है ये उनको पहले से ही क्यो नही पता था रावण के भाई ने बताया तब पता चला। क्या तुम्हारे भगवान राम को कुछ पता ही नही कैसा भगवान है ये। और इन्द्र देवता ने साधु का वेश धारण कर अपनी पुत्रवधु का बलात्कार किया फिर भी आप देवता क्यो मानते हो। खुजराहो के मन्दिर मे सेक्सी मानव मूर्तिया है क्या मन्दिर मे सेक्स की शिक्षा दी जाती है मन्दिरो मे नाच गाना डीजे आम है क्या ईश्वर की इबादत की जगह गाने हराम नही है ।राम ने हिरण का शिकार क्यो किया बहुत से हिन्दु कहते है हिरण मे राक्षस था तो क्या आपके राम भगवान मे हिरण और राक्षस को अलग करने की क्षमता नही थी ये कैसा भगवान है।हमे कहते हो जीव हत्या पाप है मै भी मानता हू कुत्ते के बेवजह मारना पाप है । कीडी मकोडो को मारना पाप है पक्षियो को मारना पाप है।

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  9. और राम या हनुमान ने राम सेतु पुल बनाया था सीता को बचा के लाने के लीए । जब भगवान थे तो पुल बनाने की क्या जरुरत थी उड की नही जा सकते थे। ये एक किस्म की चूतियापंती है और हिन्दु क्या बोलते है कि सारे भगवान मनुष्य के रुप मे थे इसलिए उड के जाने की ताकत नही थी। ये हिन्दु अपनी ही चट करते है और अपनी ही पट। जब मनुष्य के रुप मे भगवान थे। इसका मतलब ये हुआ वे मनुष्य ही भगवान थे । और भगवान उसे कहते है जो कुछ भी कर सकते है तो फिर वे मनुष्य उड क्यो नही सकते थे क्योकि आप लोग तो उनको एक तरीके से भगवान ही मानते हैऔर ब्रहम्मा ने अपनी पुत्री से सेक्स किया था इसलिए हिन्दु ब्रहम्मा की पूजा नही करते है। ब्रहम्मा भी तो आपके भगवान थे भगवान बल्तकार करता है क्या। ये सब आपकी किताबो मे लिखा है। और राम ने अपनी पत्नी सीता की व्रजिन की परीक्षा लेने के लिए घर से बाहर निकाला था। तो क्या औरत को यूही कही भी धक्के दिये जा सकते है। कहने को राम भगवान थे औरत की इज्जत आती नही थी। हमे कहते हो मांस क्यो खाते हो लेकिन ऐसे जानवर जिनका कुरान मे खाना का जिक्र है खा सकते है क्योकि मुर्गे बकरे नही खाऐगे तो इनकी जनसख्या इतनी हो जायेगी बाढ आ जायेगी इन जानवरो की। सारा जंगल का चारा ये खा जाया करेगे फिर इन्सान के लिए क्या बचेगा। हर घर मे बकरे होगे। बताओ अगर हर घर मे भैंसे मुर्गे होगे तो दुनिया कैसे चल पाऐगी। आए दिन सिर्फ हिन्दुस्तान मे लाखो मुर्गे और हजारो कटडे काटे जाते है । 70% लोग मांस खाकर पेट भरते है । सब को शाकाहारी भोजन दिया जाये तो महॅगाई कितनी हो जाएगी। समुद्री तट पर 90% लोग मछली खाकर पेट भरते है। समझ मे आया कुछ शाकाहारी भोजन खाने वालो मांस को गलत कहने वाले हिन्दुओ अक्ल का इस्तमाल करो ।खैर हिन्दु धर्म मे शिव भगवान ही नशा करते है तो उसके मानने वाले भी शराबी हुए इसलिए हिन्दुओ मे शराब आम है ।डाक कावड मे ऊधम मचाते है ना जाने कितनो की मौत होती है रास्ते मे कोई मुसाफिर आये तो गाली देते है । जितने त्योहार है हिन्दुओ के सब बकवास। होली को देखलो कहते है भाईचारे का त्योहार है। पर शराब पिलाकर एक दुसरे से दुश्मनी निकाली जाती है।होली से अगले दिन अखबार कम से कम 100 लोगो के मरने की पुष्टि करता है ।अब दीपावली को देखलो कितना प्रदुषण बुड्डे बीमार बुजुर्गो की मोत होती है। पटाखो के प्रदुषण से नयी नयी बीमारिया ऊतपन होती है। गणेशचतुर्थी के दिन पलास्टर ऑफ पेरिस नामक जहरीले मिट्टी से बनी करोडो मूर्तिया गंगा नदियो मे बह दी जाती है। पानी दूषित हो जाता है साथ ही साथ करोडो मछलिया मरती है तब कहा चली जाती है इनकी अक्ल जीव हत्या तो पाप है।

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  10. हम मुस्लिमो को बोलते है चचेरी मुमेरी फुफेरी मुसेरी बहन से शादी कर लेते हो। इन चूतियाओ से पूछो बहन की परिभाषा क्या होती है मै बताता हू साइंस के अनुसार एक योनि से निकले इन्सान ही भाई बहन हो सकते है और कोई नही। तुम भाई बहन के चक्कर मे रह जाओ इसलिए हिन्दु लडको की शादिया भी नही होती अक्सर । हमारे गाव मे 300 हिन्दु लडके रण्डवे है। शादी नही होती उनकी गोत जात पात ऊॅच नीच की वजह से फिर उनका सेक्स का मन करता है वे फिर लडकियो महिलाओ की साथ बलात्कार करते है ये है हिन्दु धर्म । और सबूत हिन्दुस्तान मे अमेरिका के बाद सबसे ज्यादा रेप होते है । किसी मुस्लिम मुल्क का नाम दिखा दो या बता दो बता ही नही सकते। तुम्हारे हिन्दुओ लडकियो को कपडे पहनने की तमीज नही फिटिंग के कपडे छोटे कपडे जीन्स टीशर्ट आदि पहननती है ।भाई बाप के सामने भी शर्म नही आती तुमको ऐसे कपडो मे थू ऐसे कपडो मे लडकी को देखकर तो सभी इन्सानो की ऑटोमेटिकली नीयत खराब हो जाती है इसलिए हिन्दु और अंग्रेजी लडकियो की साथ बलात्कार होते हे इसके लिए ये लडकिया खुद जिम्मेदार है।।और हिन्दु लडकियो के हाथ मे सरे आम इंटरनेट वाला मोबाइल उसमे इतनी गंदी चीजे।
    तुम हिन्दु अपनी लडकियो को पढाते इतने ज्यादा हो जो उसकी शादी भी ना हो सके पढी लिखी लडकी को स्वीकार कौन करता है जल्दी से। पढने का तो नाम है घरवालो के पैसे बरबाद करती है और अय्याशी करती है। इन चूतियाओ से पूछो लडकी इतना ज्यादा पढकर क्या करेगी। मर्द उनके जनखे है जो औरत से कमवाऐगे और खुद बैठकर खाऐगे।सही कहू तो मर्दो की नौकरिया खराब करती है जहा मर्द 20 हजार रूपये महीने की मांग करे वहा लडकिया 2 हजार मे ही तैय्यार हो जाती है। सही कहू बेरोजगारी लडकियो को नौकरी देनी की वजह से है।
    और सालो तुम्हारा धार्मिक पहनावा क्या है साडी। जिसमे औरत का आधा पेट दिखता है। पेट छुपाने की चीज है या सबको दिखाने की बताओ । औरत की ईज्जत से खिलवाड खुद करते हो । और मर्दो क धार्मिक पहनावा क्या है धोती। जरा से हवा चलती है तो धोती एकदम उडती है। सारी शर्मगाह दिखाई देती है। शर्म नही आती तुम हिन्दुओ को। क्या ये तुम हिन्दुओ की असलियत नही है। और तुम्हारे सभी भगवान भी धोती के अलावा कुछ नही पहनते थे। बाकी सारा शरीर खुला रहता है
    ये कैसे भगवान है जिन्हे कपडे पहनने की भी तमीज नही है।

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